दिवाली के लिए मशहूर घूमने वाले स्थान

‘दिवाली’ ‘चकाचौंध’ और झिलमिलाहट’ का पर्व है जो अँधेरे के ऊपर रौशनी और बुराई के ऊपर अच्छाई के जीत की मंगल-भावना का सूचक है. लोग अपने घरों के सफाई करते है और विभिन्न प्रकार की मिठाइयाँ बनाने के लिए समय निकालते है, ‘दिवाली पूजन’ और उत्सव के लिए अपने घरों को विशेष दिवाली जड़ी-बूटी से सजाते है. यहाँ हम कुछ रोचक दिवाली के लिए मशहूर जगहों के बारे में बता रहे है.

सालों से हमलोग दिवाली की रस्मों के लिए वही एक जैसी ‘पूजा’ विधि और नियमों को निभाते आ रहे है. क्यों नहीं इस बार हम दिवाली कुछ नए तरीके से मनाये? अगर आप घर पर दिवाली मनाते हुए ऊब गये है तो इस साल कुछ नया आजमायें और इस दिवाली को विशेष बनाये. दिवाली का उत्सव मनाने के लिए भारत के विभिन्न भागों में 5-6 दिनों की एक अनूठे और स्मरणीय यात्रा की योजना बनाये. और दिवाली का जश्न मनाने के लिए भारत के इन 9 घूमनेवाले जगहों पर अपने प्रिय परिवारजनों और मित्रों के साथ जाए.

दीवाली के दौरान भारत में यात्रा करने के लिए ये स्थान

 

Renowned Getaways for Diwali

कलकत्ता – लोग दिवाली पर धन प्राप्ति के लक्ष्मी पूजन करते है और कलकत्ता का काली मंदिर- कालीघाट, बेलूर मठ और दक्षिणेश्वर दिवाली का उत्सव मनाने के लिए उत्तम जगह है जो भारी संख्या में भक्तों को दिवाली के मौके पर आकर्षित करते है.
वाराणसी
– इस दिवाली को डूबते हुए सूर्य के साथ लाखों दीये और लाखों लोगों के बीच नाव पर मनाएं, कम-से-कम एक सप्ताह के लिए ‘गंगा महोत्सव पर्व’ – वाराणसी की सांस्कृतिक परम्परा का हिस्सा बनें.

अमृतसर –  क्यों न इस बार हम दिवाली ‘बंदी छोर दिवस’ के साथ मनाये? गोल्डन टेम्पल के शहर में विशेष कीर्तनों और आतिशबाजियों के साथ दो त्यौहारों का आनंद लेना एक अच्छा विकल्प होगा.

गोवा – गोवा में दिवाली उत्सव के मौके पर हर गावँ में प्रतियोगिता रखी जाती है और दिवाली उत्सव का मुख्य आकर्षण ‘भगवान् कृष्ण द्वारा राक्षस ‘नरकासुर’ के नाश का होता है.

जयपुर और उदयपुर – ‘धनतेरस’ आपके दिवाली उत्सव को शुरु करने का सही समय होता है जब आप स्वयं को मारवाड़ी और राजस्थानी संस्कृति के साथ मिलकर मनाएंगे. नहार्गार्थ किला अँधेरे के बाद त्यौहार के सम्मोहित करने वाले दृश्यों को दिखाता है और प्रबुद्ध शहर के दीवारों पर आलिशान तालाबों में आतिशबाजि की शानदार झलक देखेने को मिलती है.

गुजरात – आतिशबाजियों से होने वाले शोरगुल और प्रदुषण के बिना दिवाली उत्सव के बारें में क्या ख्याल है? इस दिवाली को स्थानीय आदिवासियों के रहनेवाली गावँ दांग में मनाये , जो की बड़ोदरा गुजरात से 270 किलोमीटर दूर है .

मुंबई – क्या आप शांत और आन्दमय दिवाली मनाना चाहते है? पुरुषवादी – मुंबई नासिक हाईवे के सटे ही पहाड़ो पर बसा एक छोटा-सा गावँ घूमें. गावंवासी दिवाली के रात में आतिशबाजी और होलिकादहन का आयोजन करते है जिसमें बच्चें पारंपरिक गीत गाते है और एक-दुसरे को अपने पारंपरिक भोजन के लिए आमंत्रित करते है.

दिल्ली – यदि आप खरीदारी के शौक़ीन है और अनोखे तथा असाधारण हस्तशिल्प में रूचि रखते है तो हर वर्ष लगने वाले दिवाली मेला में रौशनी के पर्व- ‘दस्तकार’ को ना खोये. नेत्रहीन स्कूल भी विशाल वार्षिक दिवाली मेला का आयोजन करते है.

हैदराबाद – निजामों का शहर शानदार मिठाइयों और स्वादिष्ट – सुगन्धित भोजन के साथ अपने सर्वोत्तम दिवाली उत्सव के लिए जाना जाता है. यह शहर भले ही अस्तव्यस्त हो लेकिन इसके शानदार दिवाली उत्सव के लिए जरुर देखें.

क्या आप विदेश में रह रहे है और इस साल दिवाली पर घर आने की कोई उम्मीद नहीं है ? तो यह दिवाली वहीँ रहकर मनाये और इन जगहों पर घूमकर घर जैसा अनुभव करें जहाँ आप रौशनी के इस त्यौहार के चौंका देनेवाले रूप को देखकर प्रशंसा करेंगे. किसी भी देश का चुनाव पूरी तरह से आपके पसंद के ऊपर निर्भर करता है और इस रौशनी के त्यौहार को मनाने का आपका यह निर्णय वाकई में सराहनीय अभूतपूर्व होगा.

 भारत के बाहर दिवाली उत्सव को मनाने के 5 जगहें

 

Renowned Getaways for Diwali

इंडोनेशिया – इंडोनेशिया – द आइलैंड और बलि, में इस त्यौहार के जश्न का स्तर अपने चरम सीमा पर होता है जिसका आनंद उठाया जा सकता है.

मलेशिया – मलेशिया में दिवाली को हरी दिवाली के नाम से जानते है और इस उत्सव को तेल स्नान के रस्म के साथ शुरू किया जाता है.

फिजी – फिजी में दिवाली बिलकुल वैसे ही मनाया जाता है जैसे भारत में मनाते है. वें रिवाजों का पालन करते है और नए कपडें खरीदते है अपने प्रिय लोगों को भेंट तथा मिठाइयाँ देते है.

श्रीलंका – दिवाली को श्रीलंका में दीपावली के नाम से भी जानते है जो संभवतः श्रीलंकाई लोगों के बीच का सबसे अधिक प्रसिद्ध और व्यापक रूप से मनाया जाने वाला पर्व है.

थाईलैंड – थाईलैंड में , दिवाली उत्सव ‘लोई क्रथोंग’ के नाम पर मनाया जाता है जिसका अर्थ होता है एक टोकरी को बहा देना और इस रीति से थाई कैलंडर के अनुसार 12वें महिने के पूर्ण चंद्रमा पर देखना.

भारत के अन्दर और बाहर इन देशों और शहरों में से अपने पसंदीदा जगहों को चुनें और 6 दिनों के इस सबसे शानदार और अद्भुत जश्न को मनायें. भारत या विदेश में और अधिक मस्ती और मनोरंजन के लिए आप अपने परिवार और दोस्तों के साथ इन उत्कृष्ट घुमने वाले जगहों पर एक ट्रिप की योजना बना सकते है.

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