चौथी तिमाही में डॉली खन्‍ना ने 2 मल्टीबैगर में किया निवेश, इन 3 शेयरों में बढ़ाया स्टेक

नई दिल्ली. दिग्‍गज निवेशक डॉली खन्‍ना ने पिछले वित्त वर्ष की चौथी तिमाही में अपने पोर्टफोलियो में दो नए स्टॉक जोड़े हैं, जबकि 3 अन्य शेयरों में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है. नवीनतम शेयरहोल्डिंग पैटर्न से इसका खुलासा हुआ है. शेयरहोल्डिंग पैटर्न से इस बात की भी जानकारी मिलती है कि चेन्नई की डॉली खन्‍ना ने तीन शेयरों में अपना स्टेक घटाया है. उन्होंने शारदा क्रोपकेम (Sharda Cropchem) के शेयर खरीदे हैं. 31 मार्च तक के आंकड़े के मुताबिक, उन्होंने इस कंपनी के 1,243,710 शेयर यानी 1.38 फीसदी स्टेक खरीदे हैं.

पिछली तिमाही में उनका नाम प्रमुख सार्वजनिक शेयरधारकों में नहीं था. बता दें कि किसी कंपनी में कम से कम 1 फीसदी स्टेक होने की स्थिति में ही प्रमुख सार्वजनिक शेयरधारकों का नाम सामने आता है. पिछले 1 एक साल में यह शेयर 130 फीसदी चढ़ चुका है. इसी प्रकार, डॉली खन्‍ना ने पिछली तिमाही में अपने पोर्टफोलियो में खेतान केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स को जोड़ा है. 31 मार्च तक उनके पोर्टफोलियो में इस कंपनी के 9,89,591 शेयर या 1.02 फीसदी स्टेक थे. खेतान केमिकल्स भी मल्टीबैगर स्टॉक रहा है, जिसने पिछले 1 साल में 457 फीसदी का रिटर्न दिया है.

प्रकाश पाइप्स में स्टेक बढ़ाया

डॉली खन्‍ना ने दिसंबर क्वार्टर में प्रकाश पाइप्स में अपना स्टेक 1.35 फीसदी से बढ़ाकर 2.39 फीसदी कर दिया है. इसके साथ ही उन्होंने मैंगलोर केमिकल में अपना स्टेक 1.45 फीसदी से बढ़ाकर 1.66 फीसदी कर दिया है. इसी प्रकार एरिज एग्रो में अपना स्टेक 1.28 फीसदी से बढ़ाकर 1.34 फीसदी कर दिया है.

टालब्रोस, एनसीएल और रेन इंडस्ट्रीज में स्टेक घटा

डॉली खन्‍ना ने टालब्रोस ऑटोमोटिव कंपोनेन्ट्स, एनसीएल इंडस्ट्रीज और रेन इंडस्ट्रीज में पिछले क्वार्टर में अपनी हिस्सेदारी 60 बेसिक प्वाइंट तक घटाई है. आंकड़े के मुताबिक, डॉली खन्‍ना 22 शेयरों में 1 फीसदी से स्टेक रखती हैं.

आइए जानिए इन दो मल्टीबैगर स्टॉक के बारे में

शारदा क्रोपकेम आईटीआई, मुंबई के केमिकल इंजीनियर आर. वी. बुबना के दिमाग की उपज थी. उन्होंने 1987 में शारदा बुबना के साथ शारदा इंटरनेशनल और 1989 में बुबना इंटरप्राइजेज की शुरुआत की थी. 2013 में नाम बदलकर शारदा क्रोपकेम लिमिटेड अस्तित्व में आई. यह कंपनी विश्व स्तर पर फार्मूलेशन और सक्रिय जैविक अवयवों की विस्तृत श्रृंखला के विपनन और वितरण में लगी हुई है. साथ ही यह विभिन्न प्रकार के कन्वेयर बेल्ट, बी बेल्ट आदि की सप्लाई भी करती है. यह इंडस्ट्रियल केमिकल की आपूर्ति भी करती है.

खेतान केमिकल्स एंड फर्टिलाइजर्स कंपनी सिंगल सुपर फॉस्फेट (उर्वरक), सल्फ्यूरिक एसिड (केमिकल) और सोया खाद्य तेल का प्रोडक्शन करती है. कंपनी के सेगमेंट में फर्टिलाइजर्स, केमिकल्स के साथ स्पेशलिटी केमिकल्स शामिल हैं. इस कंपनी की स्थापना 1982 में शैलेष खेतान की अगुवाई में हुई थी. इसके प्रोडक्ट के ब्रांड का नाम खेतान खाद था. हालांकि 1987 में इस कंपनी ने अपना ऑपरेशन शुरू किया. अन्य खबरों के लिए इस लिंक पर क्लिक करें

स्रोतhindi.news18.com
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