Gold price today: सोने-चांदी के भाव में फिर तेजी, जानिए 10 ग्राम गोल्ड के ताजा रेट

सोने के दाम बुधवार 26-8-2020 को बाजार खुलते ही तेजी के साथ खुले. सुबह लगभग 9.36 बजे सोना मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर लगभग 177.00 रुपये की तेजी के साथ 51101.00 रुपये प्रति 10 ग्राम पर कारोबार कर रहा था. चांदी के दामों में भी तेजी देखी गई. चांदी 129.00 की तेजी के साथ 64136.00 रुपये प्रति किलो पर कारोबार कर रही थी.

सोने में निवेश दे सकता है अच्छा मुनाफा

बाजार के जानकारों का मानना है कि सोने में निवेश आपको अच्छा मुनाफा दे सकता है. दिवाली तक सोने का भाव नया रिकॉर्ड बनाएगा. जेपी मॉर्गन की एक रिपोर्ट के मुताबिक, आर्थिक, महामारी और राजनीतिक हालातों को देखते हुए इसकी पूरी संभावना है कि सोना दिवाली तक 70 हजार रुपए के स्तर को छू सकता है. अगर कोरोना वैक्सीन आ भी जाती है तो भी ग्लोबल इकोनमी में सुधार में अभी काफी समय है. तब तक सोने की कीमत में तेजी दर्ज की जाएगी.

गोल्ड ईटीएफ के जरिए सोने में निवेश बढ़ा

जुलाई महीने में गोल्ड एक्सचेंज ट्रेडेड फंड (Gold ETF) में निवेश पिछले महीने की तुलना में 86 फीसदी बढ़कर 921 करोड़ रुपए पर पहुंच गया है. कोरोना संकट में निवेशकों का भरोसा गोल्ड पर बढ़ता जा रहा है. सोने के बढ़ते भाव की वजह से निवेशकों गोल्ड की तरफ बढ़ रहे हैं. एसोसिएशन ऑफ म्यचुअल फंड्स इन इंडिया (एम्फी) के आंकड़ों के मुताबिक, वित्त वर्ष के पहले सात महीने में गोल्ड ईटीएफ में निवेश बढ़कर 4,452 करोड़ रुपए पर पहुंच गया है.

सोने में निवेश से पहले जान लें ये बातें

डिजिटल ट्रांजेक्शन बढ़ने के बाद से लोगों ने कैश में सोना खरीदना कम किया है. डिजिटल माध्यम से भी सोना खरीदा जा सकता है. मतलब यह कि सोने की पेमेंट आप डेबिट कार्ड, क्रेडिट कार्ड और इंटरनेट बैंकिंग से कर सकते हैं. लेकिन, जीएसटी लागू होने के बाद सोना खरीदने पर ग्राहक को 3 फीसदी टैक्स चुकाना पड़ता है. यह टैक्स मेकिंग चार्ज पर भी लगता है.

बेचने पर लगेगा टैक्स

सोना खरीदने के बाद इसे बेचने पर भी टैक्स लगता है. हालांकि, वह इस बात पर निर्भर करता है कि आपने सोना कितने समय के लिए अपना पास रखा है. दरअसल, कुछ लोग लंबी अवधि और कुछ छोटी अवधि के लिए इसमें निवेश करते हैं. अगर छोटी अवधि के लिए रखा जाए तो इस पर शॉर्ट टर्म कैपिटल गेन टैक्स लगेगा और अगर लंबी अवधि के लिए सोना अपने पास रखा जाए तो लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस के आधार पर इसे बेचते वक्त टैक्स चुकाना होगा.

शॉर्ट टर्म कैपिटल गेंस (STCG)

अगर आप जूलरी खरीदने के 36 महीने यानी 3 साल के अंदर बेच देते हैं तो आपके मुनाफे पर शॉर्ट टर्म कैपिटल गेंस टैक्स चुकाना पड़ेगा. क्योंकि, सोने में निवेश से हुआ फायदा आपकी कुल आय में जोड़ दिया जाएगा. फिर, आप जिस टैक्स-स्लैब में आते हैं, उसके हिसाब से टैक्स चुकाना होगा.

लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस (LTCG)

अगर सोना खरीदकर आपने उसे तीन साल से ज्यादा अवधि के लिए अपने पास रखा तो आपको इससे हुए फायदे पर लॉन्ग कैपिटल गेंस टैक्स चुकाना होगा. वित्त वर्ष 2017-18 तक सोने की खरीद मूल्य पर इंडेक्सेशन लागू करने के बाद 20.6 फीसदी की दर से लॉन्ग टर्म कैपिटल गेंस लगता था. वित्त वर्ष 2018-19 से गेंस पर 20.8 फीसदी की दर से टैक्स लगता है.

स्रोतzeebiz.com
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