Guruwar ke Upay: गुरुवार को इन उपायों को करने से आर्थिक स्थिति होगी मजबूत होगी, कार्यों में भी मिलेगी सफलता

16 जून को आषाढ़ कृष्ण पक्ष की द्वितीया तिथि और गुरुवार का दिन है। द्वितीया तिथि 16 जून सुबह 9 बजकर 43 मिनट तक रहेगी उसके बाद तृतीया तिथि लग जायेगी। इस दिन रात 8 बजकर 8 मिनट तक ब्रह्म योग रहेगा। अगर आपको कोई शांति पूर्वक कार्य करना हो, तो ब्रह्म योग में करने से आपको शुभ फलों की प्राप्ति होंगी। साथ ही अगर आपका किसी से झगड़ा हुआ हो, तो उसे सुलझाने के लिए भी ब्रह्म योग बहुत ही अच्छा है।

ऐसे में इस दिन अलग-अलग शुभ फलों की प्राप्ति के लिए, अपने अन्दर अनेक शक्तियों के संचार के लिए, अपनी किसी विशेष इच्छा की पूर्ति के लिए, अपने अच्छे स्वास्थ्य के लिए और लंबी आयु की प्राप्ति के लिए, साथ ही बिजनेस की तरक्की के लिए, हर प्रकार की मुसीबतों से बाहर निकलने के लिए, अपने कार्यों की सफलता सुनिश्चित करने के लिए, सुख-साधनों की प्राप्ति के लिए आदि के भय से मुक्ति पाने के लिए और पापबोध से छुटकारा पाने के लिए आपको क्या उपाय करने चाहिए जानिए आचार्य इंदु प्रकाश से।

अगर आपकी उम्र शादी के लायक हो गई है और आपको एक अच्छे जीवनसाथी की तलाश है, तो इस दिन शुक्राचार्य के इस मंत्र का 108 बार जाप करें। मंत्र है- ‘ॐ द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:’। इस मंत्र का जाप करने के बाद किसी मन्दिर में इत्र का दान करें। ऐसा करने से आपकी जल्द ही एक अच्छे जीवनसाथी की तलाश पूरी होगी।
अगर आप अपने शत्रुओं की नित नई चालों से परेशान हैं, तो अपने शत्रुओं से मुक्ति पाने के लिये इस दिन किसी कुम्हार के घर जाकर कोई एक मिट्टी का बर्तन खरीदकर लाएं और ध्यान रहे उस बर्तन पर ढक्कन जरूर होना चाहिए। घर लाने के बाद उस बर्तन को एक जगह रख दें। अब एक सफेद कोरे कागज पर अपने शत्रु का नाम लिखें और उस पर शुक्र के मंत्र का 5 बार जाप करें- ‘ॐ द्रां द्रीं द्रौं स: शुक्राय नम:’। इस प्रकार मंत्र जाप के बाद उस कागज की पर्ची बनाकर, कुम्हार के घर से लाए मिट्टी के बर्तन में डाल दें और उस पर ढक्कन लगाकर घर से दूर कहीं विराने में छोड़ आयें। ऐसा करने से आपको जल्द ही शत्रुओं की नित नई चालों से छुटकारा मिलेगा।
अगर आपके जीवनसाथी का स्वास्थ्य ठीक नहीं रहता और वो जल्दी-जल्दी बीमार पड़ जाते हैं, तो अपने जीवनसाथी के अच्छे स्वास्थ्य के लिये इस दिन एक कटोरी में जौ को पीसकर बनाया गया सत्तु लेकर, उस पर अपने जीवनसाथी के हाथों का स्पर्श कराकर मन्दिर या किसी धर्मस्थल पर दान कर दें। ऐसा करने से आपके जीवनसाथी का स्वास्थ्य ठीक रहने लगेगा।
अगर आप अपनी बिजनेस संबंधी किसी डील को लेकर परेशान हैं और उसकी वजह से आप किसी अन्य काम में अपना मन नहीं लगा पा रहे हैं, तो इस दिन गाय का घी लेकर देवी लक्ष्मी के मन्दिर में दान करें और दोनों हाथों से माता के पैर छूकर आशीर्वाद लें। ऐसा करने से आपकी बिजनेस संबंधी डील में चल रही परेशानी का हल निकलेगा और आप अपना काम बेहतर ढंग से कर पायेंगे।
अगर आप अपने दाम्पत्य संबंधों की मजबूती को बरकरार रखना चाहते हैं तो इस दिन अपने जीवनसाथी के साथ किसी साफ पानी के स्त्रोत, किसी नदी, तालाब या पोखर के पास जाएं और वहां जाकर, उस स्त्रोत के जल को दोनों हाथों में लेकर, वरूण देव का ध्यान करते हुए और अपने रिश्ते की मजबूती के लिये भगवान से प्रार्थना करते हुए, जल को धीरे-धीरे करके वापस उसी पानी के स्त्रोत में डाल दें। लेकिन अगर आपका जीवनसाथी किसी काम में व्यस्त है या आपसे कहीं दूर है, तो आप स्वयं ही साफ पानी के किसी स्त्रोत के पास जाकर अपने और अपने जीवनसाथी के निमित्त यह उपाय कर लें और अगर आप किसी ऐसी जगह पर न जा पायें, तो घर पर ही नल का साफ पानी लेकर, उत्तर दिशा की तरफ मुंह करके, वरूण देव का ध्यान करते हुए ये उपाय कर लें।
ऐसा करने से आपके दाम्पत्य संबंधों की मजबूती हमेशा बरकरार रहेगी।
अगर आप अपने घर की सुख-समृद्धि को बनाये रखना चाहते हैं, तो इस दिन अपने घर के मन्दिर में माता लक्ष्मी के आगे घी का दीपक जलाएं और उनसे हाथ जोड़कर अपने घर की सुख-समृद्धि के लिये प्रार्थना करें। साथ ही देवी मां को पुष्पांजलि भी अर्पित करें। ऐसा करने से आपके घर की सुख-समृद्धि में इज़ाफा होगा।
अगर आपको लगता है कि आपके दाम्पत्य जीवन को किसी की बुरी नजर लग गई है और अब आपके जीवन में पहले जैसा प्यार नहीं रहा, तो नजर दोष से बचाव के लिये इस दिन एक मिट्टी के दिये में दो कपूर की टिकिया लेकर जलाएं और उससे पूरे घर में धूप दिखाएं। धूप दिखाने के बाद उस जलते हुए दिये को अपने घर के बाहर रख आयें। ऐसा करने से आपके दाम्पत्य संबंधों को लगी बुरी नजर हटेगी और आप दोनों के बीच फिर से प्यार बहाल होगा।
अगर आपके जीवन में परेशानियां का अम्बार लग गया है और आप उनसे बाहर नहीं निकल पा रहे हैं तो ऐसे में परेशानियों से छुटकारा पाने के लिये इस दिन से शुरू करके अगले पूर्वाषाढ़ा नक्षत्र तक प्रतिदिन एक नीले रंग का फूल लेकर घर के बाहर किसी गंदे नाले में बहा दें। ये उपाय करने से आपके जीवन की सारी परेशानियों का अंत होगा।
अगर आप जीवन के हर क्षेत्र में अपनी जीत सुनिश्चित करना चाहते हैं तो इस दिन आपको जलवेतस, यानी केन के पेड़ को नमस्कार करना चाहिए, उसकी उपासना करनी चाहिए और उसकी जड़ में पानी डालना चाहिए। साथ ही इस बात का ध्यान रखना चाहिए कि इस दिन आप जलवेतस, यानी केन के पेड़ को, उसकी लकड़ियों को या उसकी लकड़ी से बने फर्नीचर को किसी भी प्रकार की क्षति न पहुंचाएं। अगर उपासना के लिये आपको जलवेतस, यानी केन का पेड़ न मिले तो इंटरनेट से उसकी फोटो डाउनलोड करके, उसके दर्शन कर लें।
अगर आप अपने परिवार के साथ रिश्तों को और मजबूत करना चाहते हैं, तो रिश्तों में मजबूती लाने के लिए इस दिन दही का कुछ बनाकर, पहले अपने ईष्टदेव को भोग लगाएं, उसके बाद प्रसाद के रूप में वह परिवार के सब सदस्यों में बांट दें। अगर आप दही का कुछ न बना पाएं, तो केवल दही लेकर, उसमें थोड़ा-सा मीठा डालकर अपने ईष्टदेव को भोग लगाएं और बाद में उसे परिवार के सब सदस्यों में बांट दें। साथ ही स्वयं भी थोड़ा-सा प्रसाद ग्रहण कर लें। ऐसा करने से परिवार के सदस्यों के साथ आपके रिश्ते और भी मजबूत होंगे।
अगर आप अपने करियर को एक बेहतर दिशा देना चाहते हैं, तो उसके लिये इस दिन एक नया मिट्टी का बर्तन लेकर, उसमें पानी भरकर किसी मन्दिर में या किसी सुपात्र ब्राह्मण के घर दान कर दें। ये उपाय करने से आप अपने करियर को एक बेहतर दिशा देने में सफल होंगे।
अगर आपके घर में काफी दिनों से लक्ष्मी का आगमन नहीं हो रहा है और आपको आर्थिक तंगी से दो – चार होना पड़ रहा है इस दिन माता महालक्ष्मी की आराधना करें और उनके इस मंत्र का जाप करें। मंत्र है- “ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं कमले कमलालये प्रसीद प्रसीद श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः”लेकिन अगर आपको इस मंत्र को बोलने में किसी प्रकार की कठिनाई हो, तो आप इस दिन केवल “श्रीं ह्रीं श्रीं’ मंत्र का जाप भी कर सकते हैं। क्योंकि लक्ष्मी का एकाक्षरी मंत्र तो “श्रीं” ही है। इस दिन माता महालक्ष्मी के इस मंत्र का जाप करने से आपके घर में लक्ष्मी का आगमन होगा और आपको आर्थिक तंगी से मुक्ति मिलेगी।

स्रोतwww.indiatv.in
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