किसान आंदोलन: दिल्ली आने-जाने वाले कई रास्ते बंद, कुछ अभी भी खुले, ये रही पूरी लिस्ट

दिल्ली की सीमाओं पर किसानों का आंदोलन जारी है। जिस वजह से दूसरे राज्यों से दिल्ली आने जाने वालों को समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। पड़ोसी राज्यों को दिल्ली से जोड़ने वाली कई सीमाएं जहां पूरी तरह से बंद हैं, तो कुछ आंशिक रूप से बंद हैं। कुछ सीमाओं पर यातायात सामान्य रूप से चल रहा है ऐसे में दिल्ली ट्रैफिक पुलिस ने शहर में आने जाने वालों से इन रास्तों का प्रयोग करने की सलाह दी है। आइए आपको बतातें हैं कि किसान आंदोलन की कारण कौन से मार्ग बंद हैं और आप दिल्ली आने जाने के लिए कौन से मार्ग का उपयोग करें। आइए जानिए किसानों पर गरमाई यूपी की सियासत.

कौन से रास्ते खुले /कौन से बंद

नोएडा को राजधानी दिल्ली से जोड़ने वाला चिल्ला बॉर्डर गौतम बुद्ध द्वार के पास किसान आंदोलन की वजह से बंद है। दिल्ली आने जाने वाले नोएडा लिंक रोड पर आने जाने से बचें और डीएनडी का प्रयोग करें।

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गाजियाबाद को राजधानी दिल्ली से जोड़ने वाली गाजीपुर बॉर्डर पर NH-24 का एक स्ट्रेच पूरी तरह से बंद है। गाजियाबाद से दिल्ली जाने वाला NH-24 का रास्ता बंद है, जबकि दिल्ली से गाजियाबाद आनी वाली NH-24 की लेन खुली हुई हैं। गाजियाबाद से दिल्ली जा रहे लोग अपसरा, भोपुरा और डीएनडी का प्रयोग कर सकते हैं।

  1. टिकरी और झड़ोदा बॉर्डर ट्रैफिक मूवमेंट के लिए पूरी तरह बंद हैं।
  2. बादूसराय बॉर्डर सिर्फ कार और दो पहिया वाहनों के लिए खुली है।
  3. झटिकरा बॉर्डर सिर्फ दो पहिया वाहनों के लिए खुली है।
  4. हरियाणा को दिल्ली से जोड़ने वाली जो सीमाएं खुली हैं- धनसा बॉर्डर, दौराला बॉर्डर, कापसहेड़ा बॉर्डर, रजोकरी बॉर्डर NH-8, बिजवासन/बाजघेरा बॉर्डर, पालम विहार बॉर्डर, डूंडाहेड़ा बॉर्डर
  5. सिंघु बॉर्डर, औचंदी बॉर्डर, पीयाओ मनियारी बॉर्डर, मंगेश बॉर्डर पूरी तरह से बंद हैं। NH-44 दोनों तरफ से बंद है। दिल्ली आने-जाने वाले लोग लामपुर, साफियाबाद और सबोली सीमाओं का उपयोग कर सकते हैं।
  6. मुकरबा और जीटी करनाल रोड से ट्रैफिक डायवर्ट किया गया है।
  7. लोगो को सलाह है कि वो आउटर रिंग रोड और जीटी करनाल रोड, NH-44 का उपयोग करने से बचें।
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दिल्ली में कुछ ऑटो, टैक्सी संघ मंगलवार के ‘भारत बंद’ में शामिल होंगे

दिल्ली में आगामी मंगलवार को यात्रियों को समस्याओं का सामना करना पड़ सकता है क्योंकि शहर के कुछ ऑटो और टैक्सी संघों ने केन्द्र के नए कृषि कानूनों के विरोध में आठ दिसंबर को बुलाए गए ‘भारत बंद’ के समर्थन का फैसला किया है।
हालांकि, कई अन्य संघों ने किसानों के आंदोलन को अपना समर्थन देने के बावजूद सेवाएं सामान्य तौर पर जारी रखने का निर्णय लिया है।

दिल्ली टैक्सी टूरिस्ट ट्रांसपोर्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष संजय सम्राट ने एक बयान में कहा कि कई आटो-टैक्सी संगठन आठ दिसंबर के भारत बंद में शामिल होंगे। उन्होंने कहा कि किसानों को अपना समर्थन जताने के लिए विभिन्न बस एवं टैक्सी संगठनों के प्रतिनिधि रविवार को सिंघू बॉर्डर भी पहुंचे। अन्य खबरों के लिए इस लिंक पर क्लिक करें.

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